मानव शरीर प्रकृति की सबसे जटिल और अद्भुत मशीन है। इस मशीन को निरंतर चलाने के लिए रक्त का शरीर में संचार आवश्यक है, और यही कार्य करता है हमारा रक्तचाप (Blood Pressure)। अधिकतर लोग उच्च रक्तचाप को ही बड़ा खतरा मानते हैं, लेकिन निम्न रक्तचाप (Low BP) भी कई बार उतना ही परेशान करने वाला और खतरनाक सिद्ध हो सकता है, विशेषकर जब इसके लक्षण बार-बार दिखाई दें।
उच्च रक्तचाप को "छिपा हुआ सांप" कहा जाता है क्योंकि यह बिना लक्षणों के कई वर्षों तक शरीर को भीतर से कमजोर करता रहता है। इसके विपरीत, निम्न रक्तचाप अक्सर शुरुआत में हानिरहित लगता है, लेकिन जब यह लगातार बना रहे या बार-बार चक्कर आने, थकान, कमजोरी, बेहोशी जैसी स्थिति पैदा करे — तब यह शरीर में किसी असंतुलन या रोग का संकेत हो सकता है।
कई बार Low BP केवल जीवनशैली की अनियमितताओं का परिणाम होता है, जबकि कभी-कभी यह गंभीर रोगों का भी पूर्वलक्षण बन सकता है। इसलिए इसके कारण, लक्षण, जाँच, उपचार और सुरक्षित जीवनशैली को समझना बेहद ज़रूरी है।
यह लेख Low BP के सभी पहलुओं को सरल भाषा में समझाता है—
⚫ कारण
⚫ प्रकार
⚫ लक्षण
⚫ जाँच
⚫ आयुर्वेदिक मार्ग
⚫ भोजन और दिनचर्या
⚫ घरेलू उपाय
⚫ क्या न करें
⚫ कब डॉक्टर को दिखाएँ
जब रक्त सामान्य से कम दबाव के साथ धमनियों में प्रवाहित होता है, तो इसे निम्न रक्तचाप (Low BP) कहा जाता है।
120/80 mmHg
90/60 mmHg से कम
कई लोगों में BP स्वभाविक रूप से कम होता है और उन्हें कोई लक्षण नहीं होते। चिंता केवल तब होती है जब—
✔ चक्कर
✔ कमजोरी
✔ थकान
✔ धुंधलापन
✔ बेहोशी
✔ सिर भारी
ये लक्षण बार-बार आने लगें।
रक्तचाप शरीरिक तंत्रों के संतुलन पर निर्भर करता है—
हृदय की पंपिंग शक्ति
रक्त की कुल मात्रा
धमनियों की स्थिति
किडनी की कार्यक्षमता
तंत्रिका तंत्र
इलेक्ट्रोलाइट संतुलन (सोडियम, पोटैशियम)
हार्मोन — Aldosterone, ADH, Renin
इनमें किसी भी तरह की गड़बड़ी BP को कम कर सकती है।
Low BP मुख्यतः दो प्रकार का होता है—
यह तात्कालिक कारणों से होता है और कारण समाप्त होने पर ठीक हो जाता है।
अत्यधिक शारीरिक थकान
तनाव, मानसिक दबाव
पर्याप्त नींद न लेना
अधिक गर्म वातावरण
पानी कम पीना
गर्म पानी से स्नान
अचानक खड़े होना
रक्तस्राव
कुछ दवाओं का प्रभाव
जब यह लगातार बना रहे और इसके पीछे बीमारी हो।
हृदय संबंधी समस्याएं
हृदय की पंपिंग कमजोरी
हृदय की मांसपेशियों का रोग
संक्रमण (टायफाइड, TB, हैजा, फ्लू, आंत्रिक ज्वर)
एनीमिया
किडनी रोग
एडिसन डिज़ीज़
थायरॉइड असंतुलन
डिहाइड्रेशन
चक्कर आना
थकान
कमजोरी
हाथ-पैर ठंडे
धुंधला दिखाई देना
सिरदर्द
मितली, उल्टी
पाचन संबंधी समस्या
ध्यान न लगना
बेहोशी जैसा अनुभव
दिल की धड़कन बढ़ना
मन भारी
आलस्य
याददाश्त कम होना
बेचैनी
अचानक उठने पर चक्कर आना इसकी पहचान है।
धीरे-धीरे उठें
पहले बैठें, फिर खड़े हों
सोते समय सिर ऊँचा रखें
पेट पर हल्की पट्टी बांधें
पर्याप्त पानी पीएँ
Low BP क्यों हो रहा है, इसका पता इन जांचों से लगता है—
BP Monitoring
CBC (हीमोग्लोबिन)
Electrolytes (सोडियम-पोटैशियम)
ECG
Echo
Thyroid Function
Kidney Function
Urine Test
24 घंटे BP मॉनिटरिंग
अब पूरा उपचार केवल प्राकृतिक, आयुर्वेदिक और जीवनशैली आधारित है।
नमक में Sodium + Chlorine दोनों होते हैं।
सोडियम BP बढ़ाता है, लेकिन क्लोरीन अधिक मात्रा में हानिकारक है।
इसलिए—
⚠ बिना डॉक्टर सलाह नमक न बढ़ाएँ।
✔ सोडियम को प्राकृतिक रूप में लें।
लीची — 125 mg/100g
खरबूजा — 105 mg/100g
दूध
दही
मक्खनिया दूध
पनीर — 1750 mg/100g
अंडे की सफेदी
मछली व मटन
ये ऊर्जा भी देते हैं और कमजोरी दूर करते हैं।
खजूर
बादाम
किशमिश
अखरोट
सोयाबीन
खीर
शहद वाला दूध
दलिया
केला
नारियल पानी
लाल दाल
आयुर्वेद Low BP को वात विकार मानता है।
मकरध्वज
नवजीवन रस
कस्तूरी भैरव रस
द्राक्षासव
बादाम पाक
अश्वगंधा
शतावरी
ब्राह्मी
अभ्यंग (तेल मालिश)
शिरोधारा
स्नेहन
✔ 7–8 घंटे नींद
✔ समय पर भोजन
✔ भरपूर पानी
✔ योग/प्राणायाम
✔ धूप में 10 मिनट
✔ तनाव कम करें
❌ अचानक न उठें
❌ गर्म पानी से स्नान न करें
❌ बहुत देर खाली पेट न रहें
❌ अत्यधिक उपवास न करें
❌ देर तक खड़े न रहें
❌ बहुत गर्म स्थान पर न रहें
रात में 8–10 किशमिश भिगोकर सुबह खाएँ।
5–10 तुलसी पत्ते + 1 चम्मच शहद।
हीमोग्लोबिन और ऊर्जा दोनों बढ़ाता है।
कमजोरी दूर करता है।
डॉक्टर की अनुमति होने पर ही।
यदि—
❗ BP 70/40 से कम हो जाए
❗ बार-बार बेहोशी आए
❗ सांस लेने में दिक्कत हो
❗ सीने में दर्द
❗ दिल की धड़कन बहुत तेज
❗ भ्रम या उलझन
❗ अचानक ब्लीडिंग
तो तुरंत डॉक्टर को दिखाएँ।
Low BP सामान्य स्थिति में हानिकारक नहीं है, लेकिन अगर कमजोरी, चक्कर, थकान, बेहोशी और धुंधलापन लगातार बना रहे, तो यह शरीर की कमजोरी या बीमारी का संकेत है।
सही आहार, पानी, नींद, दिनचर्या और आयुर्वेदिक उपचार अपनाकर Low BP को पूरी तरह नियंत्रित किया जा सकता है।
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